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| Aaj Ka Mausam: 11 अक्टूबर तक इन राज्यों में बारिश और आंधी का अलर्ट, जानें दिल्ली-UP-बिहार समेत पूरे देश का मौसम |
Aaj Ka Mausam: 11 अक्टूबर तक कई राज्यों में बारिश और आंधी का दौर, जानें आपके राज्य का मौसम
अक्टूबर की शुरुआत के साथ देश के कई हिस्सों में मौसम एक बार फिर करवट लेता नजर आ रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के मुताबिक 6 से 11 अक्टूबर 2026 के बीच उत्तर भारत से लेकर पूर्वोत्तर, मध्य भारत और दक्षिणी राज्यों तक कई जगह बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का दौर देखने को मिल सकता है। कुछ इलाकों में हवा की रफ्तार 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है।
मौसम में यह बदलाव एक साथ सक्रिय कई मौसमी प्रणालियों के कारण हो रहा है। ऐसे में दिल्ली-NCR, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, बिहार, झारखंड और कई अन्य राज्यों के लोगों को अगले कुछ दिनों में मौसम का मिजाज बदलता दिखाई दे सकता है।
6 से 11 अक्टूबर तक कैसा रहेगा मौसम?
IMD के अनुसार देश के अलग-अलग हिस्सों में बारिश की अवधि और तीव्रता अलग रह सकती है। कहीं हल्की बारिश होगी तो कुछ जगहों पर गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ मौसम बिगड़ सकता है।
दिल्ली-NCR में फिर बदल सकता है मौसम
राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में 6 अक्टूबर से मौसम में बदलाव की शुरुआत हो सकती है। अगले कुछ दिनों में बारिश के साथ हवा की गति बढ़ने की संभावना है। 6 से 11 अक्टूबर के बीच रुक-रुककर बारिश का माहौल बन सकता है।
बारिश और तेज हवा का असर सड़क यातायात पर भी पड़ सकता है। ऐसे में लोगों को खासकर सुबह और शाम के समय मौसम की स्थिति देखकर यात्रा की योजना बनानी चाहिए।
उत्तर प्रदेश में बारिश के साथ आंधी का खतरा
उत्तर प्रदेश के लिए भी मौसम विभाग ने बारिश का पूर्वानुमान दिया है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 6 से 10 अक्टूबर और पूर्वी हिस्सों में 10 अक्टूबर तक बारिश की संभावना बताई गई है।
कुछ इलाकों में गरज-चमक और तेज हवाएं भी चल सकती हैं। इस समय खेतों में तैयार हो रही फसलों के लिए मौसम महत्वपूर्ण है। तेज हवा और बारिश का असर खासकर धान जैसी फसलों पर पड़ सकता है।
बिहार और झारखंड में भी सक्रिय रहेगा मौसम
बिहार में 6 से 9 अक्टूबर के बीच बारिश होने की संभावना है। राज्य के कुछ हिस्सों में गरज-चमक और तेज हवा के साथ बारिश हो सकती है। बंगाल की खाड़ी से जुड़ी मौसमी गतिविधियों का असर पूर्वी भारत के मौसम पर देखने को मिल रहा है।
झारखंड में 6 से 10 अक्टूबर तक छिटपुट बारिश हो सकती है। 9 अक्टूबर तक कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज हवाएं चल सकती हैं। हवा के झोंकों की रफ्तार लगभग 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
पहाड़ी राज्यों में भी मौसम लेगा करवट
जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में भी अगले कुछ दिनों तक मौसम पूरी तरह शांत रहने वाला नहीं है। जम्मू-कश्मीर में 6 अक्टूबर के अलावा 7-8 और फिर 9-11 अक्टूबर के दौरान कुछ जगह बारिश हो सकती है।
हिमाचल प्रदेश में 6 से 11 अक्टूबर के बीच छिटपुट बारिश का अनुमान है। 6 अक्टूबर को तेज हवाओं की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक रह सकती है और झोंके 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं।
उत्तराखंड में भी 6 से 11 अक्टूबर तक बारिश की संभावना है। कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं।
हरियाणा, पंजाब और राजस्थान में भी असर
हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब में 6-7 अक्टूबर को गरज, बिजली और 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली हवाओं की संभावना है। कुछ झोंकों की गति 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक जा सकती है। 8-9 अक्टूबर को भी इन इलाकों में तेज हवाएं चलने का अनुमान है।
राजस्थान में मानसून की वापसी लगभग पूरी हो चुकी है, लेकिन पश्चिमी राजस्थान में 6 से 11 अक्टूबर के बीच कुछ स्थानों पर छिटपुट बारिश और सामान्य से तेज सतही हवाएं चल सकती हैं।
मध्य भारत और पूर्वोत्तर में भी बारिश
मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में 6 से 10 अक्टूबर के बीच बारिश हो सकती है। 6 से 9 अक्टूबर तक गरज-चमक की गतिविधियां भी देखने को मिल सकती हैं। विदर्भ में 6-7 अक्टूबर को बारिश के साथ आंधी और बिजली की संभावना है।
पूर्वोत्तर राज्यों में भी मौसम सक्रिय रहेगा। अरुणाचल प्रदेश में 6 से 10 अक्टूबर और असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम तथा त्रिपुरा में 11 अक्टूबर तक अलग-अलग स्थानों पर बारिश का अनुमान है।
दक्षिण भारत में भी जारी रहेगा बारिश का दौर
तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल, तटीय आंध्र प्रदेश, यनम और रायलसीमा में 11 अक्टूबर तक छिटपुट बारिश हो सकती है। तटीय कर्नाटक में 7 से 11 अक्टूबर और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 6 से 11 अक्टूबर तक बारिश की संभावना है।
तेलंगाना में 7 अक्टूबर को बारिश हो सकती है, जबकि उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 5-6 और 9-10 अक्टूबर के दौरान बारिश की संभावना बताई गई है।
क्यों बदल रहा है मौसम?
देश के अलग-अलग हिस्सों में इस समय कई मौसम प्रणालियां सक्रिय हैं। गंगा के मैदानी हिस्सों से मध्य महाराष्ट्र तक बना ट्रफ, उत्तर-पश्चिमी उत्तर प्रदेश से पूर्वी बांग्लादेश तक मौजूद ट्रफ और बिहार से उत्तर ओडिशा की ओर बनी मौसम प्रणाली बारिश की गतिविधियों को प्रभावित कर रही हैं।
इसके अलावा एक पश्चिमी विक्षोभ और दक्षिण भारत में बने चक्रवाती परिसंचरण से जुड़े ट्रफ का भी असर देखने को मिल रहा है। बंगाल की खाड़ी में नई मौसम प्रणाली बनने की संभावना भी मौसम को और सक्रिय कर सकती है।
लोगों और किसानों को रखनी होगी सावधानी
अगले कुछ दिनों में कई राज्यों में तेज हवा, बिजली और बारिश का दौर रह सकता है। ऐसे मौसम में खुले मैदानों, पेड़ों और कमजोर ढांचों के पास अनावश्यक रूप से जाने से बचना बेहतर रहेगा। किसानों को भी तेज हवा और बारिश को ध्यान में रखते हुए फसल तथा कृषि गतिविधियों की योजना बनानी चाहिए।
कुल मिलाकर 6 से 11 अक्टूबर के बीच देश के बड़े हिस्से में मौसम सक्रिय रहने वाला है। हालांकि हर शहर में बारिश की स्थिति एक जैसी नहीं होगी, इसलिए स्थानीय मौसम अपडेट पर नजर रखना जरूरी है।

