कल का मौसम 23 सितंबर: इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, ओडिशा-आंध्र में तेज हवाओं का खतरा, जानें दिल्ली-बिहार समेत पूरे देश का हाल
23 सितंबर को देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज बदलता नजर आ सकता है। बंगाल की खाड़ी में सक्रिय मौसम प्रणाली के कारण पूर्वी और दक्षिणी भारत के कुछ राज्यों में भारी बारिश और तेज हवाओं की स्थिति बन रही है। IMD के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक ओडिशा और उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश में 23 और 24 सितंबर को अत्यधिक भारी बारिश की संभावना जताई गई है। वहीं दिल्ली में फिलहाल बारिश के बजाय मौसम मुख्यतः साफ रहने का अनुमान है।
23 सितंबर को किन राज्यों में बारिश का असर रहेगा?
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 23 सितंबर को पूर्वी, मध्य, दक्षिणी और पूर्वोत्तर भारत के कई हिस्सों में बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। ओडिशा और उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश में मौसम सबसे ज्यादा सक्रिय रहने की संभावना है। बंगाल की खाड़ी में बने सिस्टम के कारण समुद्री इलाकों में तेज हवाओं और खराब मौसम का असर भी देखा जा सकता है।
ओडिशा और आंध्र प्रदेश के अलावा तेलंगाना, छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल, सिक्किम और पूर्वोत्तर के कई राज्यों में भी बारिश का दौर जारी रह सकता है। महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक और केरल के कुछ हिस्सों में भी बारिश की संभावना बनी हुई है।
ओडिशा और आंध्र प्रदेश में भारी बारिश का खतरा
23 सितंबर को सबसे महत्वपूर्ण मौसम गतिविधि ओडिशा और उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश के आसपास रहने की संभावना है। IMD ने दक्षिण ओडिशा और उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश में 23 और 24 सितंबर को अलग-अलग स्थानों पर अत्यधिक भारी बारिश की संभावना जताई है। बंगाल की खाड़ी में सक्रिय सिस्टम के मजबूत होने के कारण समुद्र में भी तेज हवाएं चल सकती हैं।
समुद्र के आसपास रहने वाले लोगों, मछुआरों और तटीय क्षेत्रों में यात्रा करने वालों को स्थानीय प्रशासन तथा मौसम विभाग के ताजा निर्देशों पर ध्यान देना जरूरी होगा।
बिहार में 23 सितंबर को बारिश और गरज-चमक
बिहार में भी 23 सितंबर को मौसम पूरी तरह शुष्क रहने की उम्मीद नहीं है। पटना के IMD पूर्वानुमान में 23 सितंबर को एक-दो दौर की बारिश या गरज के साथ बौछार की संभावना दर्ज की गई है। साथ ही आकाशीय बिजली के साथ गरज-चमक की चेतावनी भी दी गई है।
पटना में 23 सितंबर को न्यूनतम तापमान करीब 27 डिग्री और अधिकतम तापमान करीब 34 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। इसके बाद 24 से 27 सितंबर के दौरान भी बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां जारी रह सकती हैं। 25 सितंबर को मध्यम बारिश की संभावना भी दर्ज की गई है।
उत्तर प्रदेश में कैसा रहेगा मौसम?
उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में 23 सितंबर को हल्की या छिटपुट बारिश देखने को मिल सकती है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में आने वाले दिनों में बारिश की गतिविधि बढ़ने की संभावना बनी हुई है। ऐसे में 23 सितंबर के बाद राज्य के कुछ जिलों में मौसम ज्यादा सक्रिय हो सकता है।
विशेषकर पूर्वी उत्तर प्रदेश में रहने वाले लोगों को अगले कुछ दिनों के पूर्वानुमान पर नजर रखनी चाहिए, क्योंकि बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी का प्रभाव पूर्वी और मध्य भारत के मौसम पर पड़ सकता है।
दिल्ली में 23 सितंबर को बारिश या धूप?
दिल्ली में 23 सितंबर को बारिश की संभावना फिलहाल कम है। IMD के ताजा दिल्ली-एनसीआर पूर्वानुमान में 23 सितंबर को मुख्यतः साफ आसमान और किसी चेतावनी का उल्लेख नहीं है। सफदरजंग स्टेशन के पूर्वानुमान में न्यूनतम तापमान 24 डिग्री और अधिकतम तापमान करीब 35 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
इसका मतलब यह है कि जहां देश के पूर्वी और दक्षिणी हिस्सों में बारिश का प्रभाव दिखाई देगा, वहीं दिल्ली-एनसीआर में 23 सितंबर को अपेक्षाकृत गर्म और शुष्क मौसम रह सकता है।
हिमाचल और उत्तर-पश्चिम भारत में बारिश की स्थिति
हिमाचल प्रदेश में 23 सितंबर को बड़ी बारिश की चेतावनी नहीं है। उत्तर-पश्चिम भारत के कई हिस्सों में फिलहाल बारिश की गतिविधि सीमित रहने की संभावना है। हालांकि मौसम में बदलाव अगले कुछ दिनों में दिखाई दे सकता है।
IMD के पूर्वानुमान में उत्तराखंड के लिए 23 और 24 सितंबर को कोई चेतावनी नहीं दी गई है, लेकिन 25 सितंबर के बाद गरज-चमक और बारिश की गतिविधि बढ़ने की संभावना है। 26 से 28 सितंबर के बीच बहुत भारी बारिश की चेतावनी भी दर्ज की गई है।
राजस्थान में मॉनसून की वापसी का असर
राजस्थान में मॉनसून की वापसी की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। ऐसे में 23 सितंबर को राज्य के बड़े हिस्से में मौसम अपेक्षाकृत शुष्क रहने की संभावना है। उत्तर-पश्चिम भारत में मॉनसून की वापसी के साथ बारिश की गतिविधियां धीरे-धीरे सीमित हो रही हैं।
हालांकि किसी एक जिले के मौसम की स्थिति आसपास के क्षेत्रों से अलग हो सकती है, इसलिए स्थानीय पूर्वानुमान को प्राथमिकता देना जरूरी है।
23 सितंबर का मौसम एक नजर में
बंगाल की खाड़ी का सिस्टम क्यों है महत्वपूर्ण?
23 सितंबर के मौसम में बंगाल की खाड़ी की गतिविधि अहम भूमिका निभा रही है। IMD के अनुसार दक्षिण ओडिशा और उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश के आसपास भारी से अत्यधिक भारी बारिश की स्थिति इसी मौसम प्रणाली से जुड़ी है। समुद्री क्षेत्र में तेज हवाओं की स्थिति भी बन सकती है।
इसका प्रभाव केवल तटीय क्षेत्रों तक सीमित नहीं रह सकता। सिस्टम के आगे बढ़ने के साथ ओडिशा, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में बारिश की गतिविधि प्रभावित हो सकती है।
लोगों को क्या सावधानी रखनी चाहिए?
जहां भारी बारिश या गरज-चमक का पूर्वानुमान है, वहां लोगों को खुले स्थानों पर अनावश्यक रूप से जाने से बचना चाहिए। बिजली चमकने के दौरान पेड़, बिजली के खंभे या खुले मैदान के नीचे खड़े होने से बचना बेहतर है। तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को समुद्र से संबंधित स्थानीय चेतावनियों का पालन करना चाहिए।
कुल मिलाकर 23 सितंबर का मौसम पूरे देश में एक जैसा नहीं रहेगा। पूर्वी और दक्षिणी भारत के कई हिस्सों में बारिश तथा तेज हवाओं का असर रहेगा, जबकि दिल्ली और राजस्थान जैसे उत्तर-पश्चिमी क्षेत्रों में मौसम अपेक्षाकृत शुष्क रह सकता है। बिहार में बारिश और गरज-चमक की संभावना बनी हुई है। मौसम तेजी से बदल सकता है, इसलिए यात्रा या बाहरी गतिविधियों से पहले स्थानीय IMD अपडेट देखना उपयोगी रहेगा।

